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पूजा और प्रसाद वितरण
सरकारी नौकरी एवं राजनीति में सफलता के लिए
प्रसाद वितरण(* केवल भारत में उपलब्ध है)
4.3
> संकल्प के समय, पंडित जी 1 भक्त का नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> 8–10 दिनों के भीतर, आपको प्रसाद, रक्षा सूत्र और अन्य पवित्र वस्तुओं से युक्त दिव्य आशीर्वाद बॉक्स नि:शुल्क Via Veda द्वारा आपके पते पर भेजा जाएगा।
> संकल्प के समय, पंडित जी 2 भक्तों के नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> 8–10 दिनों के भीतर, आपको प्रसाद, रक्षा सूत्र और अन्य पवित्र वस्तुओं से युक्त दिव्य आशीर्वाद बॉक्स नि:शुल्क Via Veda द्वारा आपके पते पर भेजा जाएगा।
> संकल्प के समय, पंडित जी 6 भक्तों के नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> 8–10 दिनों के भीतर, आपको प्रसाद, रक्षा सूत्र और अन्य पवित्र वस्तुओं से युक्त दिव्य आशीर्वाद बॉक्स नि:शुल्क Via Veda द्वारा आपके पते पर भेजा जाएगा।
> संकल्प : पूजा के दौरान, पंडित जी भक्तों का नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी पूज्यनीय सेवाओं का चयन कर अपनी आस्था को और विशेष बनाएं आपके नाम से संपन्न की जाएगी।
> निजी पूजा वीडियो: आपकी पूजा और अर्पण का उच्च गुणवत्ता वाला वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
> आशीर्वाद बॉक्स: 8–10 दिनों में, दिव्य आशीर्वाद बॉक्स जिसमें प्रसाद, रक्षा सूत्र और अन्य पवित्र सामग्री होगी ViaVeda द्वारा नि:शुल्क आपके पते पर भेजा जाएगा।
यह पूजा सरकारी नौकरी, प्रमोशन, प्रशासनिक सेवा और राजनीति में सफलता के लिए अत्यंत प्रभावशाली मानी जाती है।
ज्योतिषियों के अनुसार, कुंडली में स्थित सूर्य दोष एवं पितृ दोष हो तो जीवन में बाधाएं आती है वहीं, यह पूजा करने से इस दोष से आने वाली बाधाओं में कमी आती है।
कहते हैं कि सूर्य की कृपा से व्यक्ति में आत्मबल, नेतृत्व और निर्णय क्षमता मजबूत होती है।
माना जाता है कि इस विशेष पूजा को करने से भक्तों को समाज, कार्यक्षेत्र और परिवार में सम्मान, पद और प्रतिष्ठा बढ़ती है।
कहते हैं कि भानु सप्तमी के शुभ दिन पर यह पूजा करने से स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं और कमजोरी में सुधार होता है।
भानु, सूर्य देव का दूसरा नाम है और हिंदू पंचांग के अनुसार, जब कृष्ण पक्ष या शुक्ल पक्ष की सप्तमी रविवार को पड़ती है, तो उस दिन भानु सप्तमी मनाई जाती है, जिसे सूर्य सप्तमी के नाम से भी जाना जाता है। वेदों में सूर्यदेव को साहस, प्रसिद्धि, नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास और ऊर्जा प्रदान करने वाला देवता बताया गया है। मान्यता है कि देव सूर्य को समर्पित सूर्य होमात्मक पूजा करने से व्यक्ति का तेज बढ़ता है और उसे किसी भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त हो सकती है। इसके अतिरिक्त वाल्मीकि रामायण में वर्णित सूर्य देव के आदित्य ह्रदय स्तोत्र का पाठ व्यक्ति को हर कठिन परिस्थिति में विजय प्राप्त करवा सकता है। ऋषि अगस्त्य ने भगवान राम को रावण पर विजय प्राप्त करने के लिए इसी स्तोत्र का वर्णन किया था। इसलिए, भानुसप्तमी के इस विशेष दिन पर वायावेदा काशी के लोलार्क कुंड सूर्यदेव मंदिर में सूर्य होमात्मक महापूजा और आदित्य हृदय स्तोत्र का आयोजन हो रहा है।
कहा जाता है कि यह पूजा लोलार्क कुंड में कराई जाए तो अत्यंत प्रभावशाली हो सकती है। पुराणों में वर्णित है कि लोलार्क कुंड में स्वयं सूर्य देव लोलार्क स्वरूप में विराजमान हैं और यहां की गई सूर्य उपासना कई गुना फल प्रदान करती है। यह स्थान विशेष रूप से संतान प्राप्ति, पितृ दोष शांति और ग्रह दोष निवारण के लिए प्रसिद्ध है। मान्यता है कि यहां पूजा एवं यज्ञ करने से सूर्य देव शीघ्र प्रसन्न होकर भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं। इसलिए इस पूजा में सहभागी बनकर आप सूर्यदेव से राजनीति एवं सरकारी नौकरियों में सफलता का आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।
बनारस की गलियों में, गंगा के किनारे और इन कुंडों में, कहानियां आज भी जीवित हैं। लोलार्क कुंड एक ऐसा ही जीता-जागता प्रमाण है कि कुछ रहस्य ऐसे होते हैं जो सदियों बाद भी अपनी शक्ति और चमत्कार से लोगों को अपनी ओर खींचते है। यह सिर्फ कुंड नहीं, बल्कि एक वरदान है कहते हैं कि यहां स्नान करने से न केवल चर्म रोग से मुक्ति मिलती है, बल्कि संतान प्राप्ति की भी कामना पूरी होती है। इस कुंड को पौराणिक युद्ध की निशानी भी माना जाता है, कहते हैं कि देवासुर संग्राम के दौरान भगवान सूर्य के रथ का पहिया इसी स्थान पर गिरा था। पहिए की शक्ति से एक कुंड का निर्माण हुआ और उस पहिए के गिरने के कारण ही इसका नाम पड़ा लोलार्क, जिसका अर्थ है ”कंपन करता हुआ सूर्य”। सदियों से यह कुंड अपनी रहस्यमयी शक्तियों के लिए जाना जाता है।
यह कुंड सिर्फ आस्था का केंद्र नहीं है, बल्कि यहां लोलार्ककेश्वर महादेव का एक अद्भुत मंदिर भी है। कहते हैं कि यह शिवलिंग विश्व में एकमात्र ऐसा शिवलिंग है जिसका अर्घा पूर्व दिशा की ओर है। आमतौर पर सभी शिवलिंगों का अर्घा उत्तर की ओर होता है। इस शिवलिंग की स्थापना स्वयं भगवान सूर्य ने की थी, जो इसकी दिव्यता और रहस्य को और बढ़ा देता है।
ViaVeda एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो आपको धार्मिक सेवाओं का लाभ उठाने का अवसर देता है। इसके माध्यम से आप गौसेवा, अन्नदान, और मंदिरों के पुनर्निर्माण में योगदान दे सकते हैं। साथ ही, आप अनुभवी ज्योतिषियों से परामर्श कर कुंडली, अंक ज्योतिष और वास्तु जैसी सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं।
पूजा के दिन मानसिक और शारीरिक शुद्धता का ध्यान रखें, ब्रह्मचर्य का पालन करें और इष्टदेव का स्मरण करें। पूजा की प्रक्रिया के बारे में आपको पहले से सूचित किया जाएगा, और पूजा के बाद इसका रिकॉर्डेड वीडियो आपको भेजा जाएगा।
यदि आपको पूजा से संबंधित अधिक जानकारी चाहिए, तो आप ViaVeda के कस्टमर सपोर्ट नंबर +91 98109 86076 पर संपर्क कर सकते हैं। हमारी टीम आपकी हर संभव सहायता के लिए तत्पर है।
ViaVeda एक भरोसेमंद मंच है जो आपको घर बैठे पूजा करने का अवसर प्रदान करता है। आपकी पूजा बुकिंग के बाद, योग्य पुजारियों द्वारा शुभ मुहूर्त में अनुष्ठान संपन्न किया जाता है। इसके बाद, आपके दिए गए पते पर प्रसाद और पुजारी जी द्वारा आपके नाम और गोत्र से की गई पूजा का वीडियो आपके रजिस्टर्ड व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
पूजा बुक होने के बाद, हमारी टीम 24 घंटों के अंदर आपसे संपर्क करेगी और आपका नाम, गोत्र आदि की जानकारी लेगी। आप टीम से पूजा से जुड़ी अन्य जानकारियाँ भी प्राप्त कर सकते हैं।
ऑफलाइन और ऑनलाइन पूजा की प्रक्रिया में ज्यादा अंतर नहीं है। दोनों में ही पुजारी आपके नाम और गोत्र से अनुष्ठान करते हैं। अंतर यह है कि ऑफलाइन पूजा में आपको स्वयं मंदिर जाना पड़ता है, जबकि ऑनलाइन पूजा में आप घर बैठे यह सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। पूजा का रिकॉर्डेड वीडि यो आपको बाद में भेज दिया जाएगा।
हाँ, ViaVeda द्वारा करवाई गई पूजा के बाद आपको उसका रिकॉर्डेड वीडियो आपके दिए गए व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।





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