पूजा चुनें
पूजा का चयन करें
भुगतान विवरण / संकल्प फॉर्म
पूजा और प्रसाद वितरण
पितृ दोष से राहत और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए
मौका न चूकें - पूजा बुकिंग जल्द ही बंद हो रही है!
2 लाख+ श्रद्धालु
ने Via Veda द्वारा आयोजित पूजा में भाग लिया है Via Veda
🙏 सर्व पितृ महालय अमावस्या का क्या महत्व है?
पितृ पक्ष की अंतिम अमावस्या को सर्व पितृ या महालय अमावस्या कहा जाता है। यह तिथि ज्ञात-अज्ञात समस्त पूर्वजों के स्मरण और पितृ कर्म के लिए विशेष मानी जाती है। जिन पूर्वजों की मृत्यु तिथि ज्ञात न हो अथवा जिनका निर्धारित तिथि पर श्राद्ध न हो पाया हो, उनके निमित्त भी इस दिन श्राद्ध-तर्पण करने की परंपरा है। इसलिए इस दिन पूरे पितृ कुल की तृप्ति एवं शांति के लिए प्रार्थना की जाती है।
🕉️ पितृ कर्म के लिए दक्षिण काशी गोकर्ण क्यों है विशेष?
कर्नाटक स्थित गोकर्ण भगवान शिव के आत्मलिंग से जुड़ा प्राचीन तीर्थ है और इसे धार्मिक परंपराओं में दक्षिण काशी भी कहा जाता है। यह क्षेत्र नारायण बलि, त्रिपिंडी श्राद्ध एवं अन्य पितृ कर्मों के लिए भी प्रसिद्ध है। इसलिए सर्व पितृ अमावस्या पर यहां पूर्वजों के निमित्त पितृ कर्म करना इस अनुष्ठान की प्रमुख विशेषता है।
🔱 नारायण बलि, त्रिपिंडी श्राद्ध एवं तिल तर्पण का क्या महत्व है?
इस महानुष्ठान में तीन प्रमुख पितृ कर्म एक साथ संपन्न होंगे। नारायण बलि विशेष परिस्थितियों में दिवंगत आत्माओं की शांति एवं सद्गति की प्रार्थना से जुड़ा अनुष्ठान माना जाता है। त्रिपिंडी श्राद्ध के माध्यम से पूर्वजों की तृप्ति एवं पितृ दोष शांति की कामना की जाती है, जबकि तिल तर्पण में तिल और जल अर्पित कर समस्त पितरों का श्रद्धापूर्वक स्मरण किया जाता है। सर्व पितृ अमावस्या पर इन तीनों अनुष्ठानों का एक साथ संपन्न होना इसे एक विशेष पितृ शांति महानुष्ठान बनाता है।
🙏 इस विशेष महानुष्ठान में क्या होगा?
गोकर्ण तीर्थ क्षेत्र में आपके नाम एवं गोत्र से संकल्प लेकर ज्ञात-अज्ञात पूर्वजों का स्मरण किया जाएगा। इसके बाद विधिपूर्वक नारायण बलि, त्रिपिंडी श्राद्ध एवं तिल तर्पण संपन्न होगा। इन पितृ कर्मों के माध्यम से दिवंगत आत्माओं की शांति, पूर्वजों की तृप्ति एवं सद्गति, पितृ दोष से जुड़े प्रतिकूल प्रभावों की शांति और परिवार पर पितरों की कृपा के लिए विशेष प्रार्थना की जाएगी।
कर्नाटक के पश्चिमी तट पर स्थित गोकर्ण भारत के सबसे प्राचीन एवं पवित्र शिव तीर्थों में से एक माना जाता है। यह भगवान महाबलेश्वर के दिव्य आत्मलिंग के कारण विशेष रूप से प्रसिद्ध है तथा सनातन धर्म के सप्त मुक्ति क्षेत्रों में इसका महत्वपूर्ण स्थान है। पौराणिक मान्यता के अनुसार, रावण द्वारा लाया गया आत्मलिंग इसी पवित्र भूमि पर स्थापित हुआ था, जिसके कारण गोकर्ण को मोक्ष एवं आध्यात्मिक कल्याण प्रदान करने वाला सिद्ध तीर्थ माना जाता है।
गोकर्ण केवल शिव भक्ति का केंद्र ही नहीं, बल्कि पितृ दोष निवारण, श्राद्ध, तर्पण और कर्मजनित दोषों की शांति के लिए भी अत्यंत प्रसिद्ध है। सदियों से श्रद्धालु यहां अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति तथा परिवार के कल्याण के लिए विशेष अनुष्ठान संपन्न कराते आए हैं। धार्मिक मान्यता है कि इस पवित्र तीर्थ में श्रद्धा और विधि-विधान से किए गए पितृ कर्म अनेक गुना अधिक फल प्रदान करते हैं।
महालय अमावस्या पर ज्ञात-अज्ञात समस्त पूर्वजों का स्मरण कर उनकी तृप्ति एवं शांति के लिए प्रार्थना की जाएगी।
नारायण बलि एवं त्रिपिंडी श्राद्ध के माध्यम से पितृ दोष से जुड़े माने जाने वाले प्रतिकूल प्रभावों की शांति की प्रार्थना की जाएगी।
विशेष पितृ कर्मों के माध्यम से अतृप्त मानी जाने वाली दिवंगत आत्माओं की शांति एवं तृप्ति की कामना की जाएगी।
दक्षिण काशी गोकर्ण में संपन्न होने वाले पितृ कर्मों के माध्यम से पूर्वजों की सद्गति के लिए विशेष प्रार्थना की जाएगी।
पितरों की कृपा, परिवार की सुख-शांति, वंश कल्याण और आने वाली पीढ़ियों के कल्याण के लिए प्रार्थना की जाएगी।





1 पूर्वज
2 पूर्वज
6 पूर्वज
विशेष पूजा
100% मनी बैक गारंटी
कोई छिपा हुआ शुल्क नहीं
आधिकारिक मंदिर भागीदार
ग्राहक सहायता
संकल्प के दौरान, हमारे पंडित जी 2 भक्तों के नाम और पारिवारिक गोत्र का उच्चारण करेंगे।
आप अपने नाम से वस्त्र दान, गौ सेवा, या चढ़ावा सेवा जैसे अतिरिक्त विकल्पों को चुन सकते हैं।
आपकी पूजा और चढ़ावे का वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
8-10 दिनों के भीतर, आपको विया वेदा द्वारा मुफ्त में प्रसाद, पवित्र धागा और अन्य पवित्र वस्तुओं के साथ एक दिव्य आशीर्वाद बॉक्स मिलेगा।
Vishnu temple rituals looked authentic and beautifully performed throughout today.
Lakshmi puja brought positive feelings and happiness to our family.
Shani puja was good only the video arrived a little late.
Hanuman Ji seva was completed exactly as promised with great care.
The Mahadev puja video filled our hearts with peace and devotion.
लक्ष्मी पूजा का अनुभव परिवार के लिए बहुत शुभ रहा।
माँ काली की पूजा देखकर मन सचमुच भावुक हो गया।
शनि पूजा अच्छी रही, वीडियो थोड़ा देर से मिला लेकिन संतोष हुआ।
हनुमान जी की सेवा पूरी श्रद्धा और विश्वास के साथ हुई।
महादेव की पूजा देखकर मन को बहुत शांति और संतोष मिला।
Via Veda एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो आपको धार्मिक सेवाओं का लाभ उठाने का अवसर देता है। इसके माध्यम से आप गौसेवा, अन्नदान, और मंदिरों के पुनर्निर्माण में योगदान दे सकते हैं। साथ ही, आप अनुभवी ज्योतिषियों से परामर्श कर कुंडली, अंक ज्योतिष और वास्तु जैसी सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं।
पूजा के दिन मानसिक और शारीरिक शुद्धता का ध्यान रखें, ब्रह्मचर्य का पालन करें और इष्टदेव का स्मरण करें। पूजा की प्रक्रिया के बारे में आपको पहले से सूचित किया जाएगा, और पूजा के बाद इसका रिकॉर्डेड वीडियो आपको भेजा जाएगा।
यदि आपको पूजा से संबंधित अधिक जानकारी चाहिए, तो आप Via Veda के कस्टमर सपोर्ट नंबर +91 98109 86076 पर संपर्क कर सकते हैं। हमारी टीम आपकी हर संभव सहायता के लिए तत्पर है।
Via Veda एक भरोसेमंद मंच है जो आपको घर बैठे पूजा करने का अवसर प्रदान करता है। आपकी पूजा बुकिंग के बाद, योग्य पुजारियों द्वारा शुभ मुहूर्त में अनुष्ठान संपन्न किया जाता है। इसके बाद, आपके दिए गए पते पर प्रसाद और पुजारी जी द्वारा आपके नाम और गोत्र से की गई पूजा का वीडियो आपके रजिस्टर्ड व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
पूजा बुक होने के बाद, हमारी टीम 24 घंटों के अंदर आपसे संपर्क करेगी और आपका नाम, गोत्र आदि की जानकारी लेगी। आप टीम से पूजा से जुड़ी अन्य जानकारियाँ भी प्राप्त कर सकते हैं।
ऑफलाइन और ऑनलाइन पूजा की प्रक्रिया में ज्यादा अंतर नहीं है। दोनों में ही पुजारी आपके नाम और गोत्र से अनुष्ठान करते हैं। अंतर यह है कि ऑफलाइन पूजा में आपको स्वयं मंदिर जाना पड़ता है, जबकि ऑनलाइन पूजा में आप घर बैठे यह सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। पूजा का रिकॉर्डेड वीडि यो आपको बाद में भेज दिया जाएगा।
हाँ, Via Veda द्वारा करवाई गई पूजा के बाद आपको उसका रिकॉर्डेड वीडियो आपके दिए गए व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
WhatsApp us