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परम पूज्य संत श्री चिन्मयानंद बापूजी द्वारा शिव-पार्वती विवाह पूजा
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4.6
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> संकल्प के समय, पंडित जी 1 भक्त का नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> 8–10 दिनों के भीतर, आपको प्रसाद, रक्षा सूत्र और अन्य पवित्र वस्तुओं से युक्त दिव्य आशीर्वाद बॉक्स नि:शुल्क Via Veda द्वारा आपके पते पर भेजा जाएगा।
> संकल्प के समय, पंडित जी 2 भक्तों के नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> श्री हनुमंत बलवंंत विजयप्रद केला-पान अर्पण पूजा का कोई प्रसाद नहीं होता है। इसलिए इस पूजा का प्रसाद आपके घर पर नहीं भेजा जाएगा।
> संकल्प के समय, पंडित जी 6 भक्तों के नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: आप वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी विशेष सेवाओं को अपने नाम से जोड़ सकते हैं।
> पूजा और अर्पण का पूरा वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर साझा किया जाएगा।
> श्री हनुमंत बलवंंत विजयप्रद केला-पान अर्पण पूजा का कोई प्रसाद नहीं होता है। इसलिए इस पूजा का प्रसाद आपके घर पर नहीं भेजा जाएगा।

> संकल्प : पूजा के दौरान, पंडित जी भक्तों का नाम और गोत्र श्रद्धापूर्वक उच्चारित करेंगे।
> विशेष सेवाएँ: वस्त्र दान, गौ सेवा या चढ़ावा सेवा जैसी पूज्यनीय सेवाओं का चयन कर अपनी आस्था को और विशेष बनाएं आपके नाम से संपन्न की जाएगी।
> निजी पूजा वीडियो: आपकी पूजा और अर्पण का उच्च गुणवत्ता वाला वीडियो आपके व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
> श्री हनुमंत बलवंंत विजयप्रद केला-पान अर्पण पूजा कोई प्रसाद नहीं होता है। इसलिए इस पूजा का प्रसाद आपके घर पर नहीं भेजा जाएगा।
शिव-पार्वती का दिव्य संबंध आदर्श दांपत्य जीवन का प्रतीक माना जाता है। इस पूजा के प्रभाव से पति-पत्नी के बीच प्रेम, समझ और आपसी विश्वास बढ़ने की मान्यता है, जिससे संबंध अधिक मजबूत और सुखद बनते हैं।
अविवाहित युवक-युवतियों के लिए यह पूजा विशेष रूप से शुभ मानी जाती है। मान्यता है कि माता पार्वती की कृपा से विवाह में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं और योग्य जीवनसाथी प्राप्ति के मार्ग प्रशस्त होते हैं।
शिव और शक्ति की संयुक्त उपासना परिवार में सौहार्द, एकता और सकारात्मक वातावरण को बढ़ाने वाली मानी जाती है। इस पूजा के माध्यम से घर-परिवार में सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाती है।
यदि वैवाहिक या पारिवारिक जीवन में तनाव, विवाद अथवा दूरी की स्थिति हो, तो शिव-पार्वती विवाह पूजा उन नकारात्मक प्रभावों को कम करने और संबंधों में मधुरता लाने वाली मानी जाती है।
भगवान शिव और माता पार्वती की कृपा से साधक के जीवन में सौभाग्य, सफलता, सकारात्मकता और आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त होता है। यह पूजा जीवन में संतुलन, स्थिरता और शुभता बढ़ाने वाली मानी जाती है।
सनातन धर्म में भगवान शिव और माता पार्वती का दिव्य विवाह केवल एक पौराणिक घटना नहीं, बल्कि प्रेम, समर्पण, विश्वास और आदर्श दांपत्य जीवन का सर्वोच्च प्रतीक माना जाता है। माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या की थी और उनकी अटूट भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने उन्हें स्वीकार किया। इस दिव्य मिलन को संसार में प्रेम, सौभाग्य और वैवाहिक सुख का आदर्श माना जाता है। इसी कारण शिव-पार्वती विवाह से जुड़े अनुष्ठानों का विशेष महत्व बताया गया है, विशेषकर उन लोगों के लिए जो वैवाहिक सुख, योग्य जीवनसाथी अथवा पारिवारिक सामंजस्य की कामना करते हैं।
महाकुंभ का पावन अवसर स्वयं में अत्यंत दुर्लभ और पुण्यदायी माना जाता है। ऐसे शुभ समय में कैलाश मानसरोवर जैसे दिव्य शिवधाम में संपन्न होने वाली शिव-पार्वती विवाह पूजा का महत्व और भी बढ़ जाता है। मान्यता है कि इस काल में किए गए जप, तप, पूजा और संकल्प साधारण समय की अपेक्षा कई गुना अधिक फल प्रदान करते हैं। शिव और शक्ति की संयुक्त कृपा प्राप्त करने के लिए यह समय अत्यंत शुभ माना गया है।
इसी पावन अवसर पर कैलाश मानसरोवर तीर्थस्थल, उत्तराखंड में परम पूज्य संत श्री चिन्मयानंद बापूजी के सान्निध्य में शिव-पार्वती विवाह पूजा का विशेष आयोजन किया जा रहा है। इस दिव्य अनुष्ठान में भगवान शिव और माता पार्वती के पावन विवाह का स्मरण करते हुए वैदिक मंत्रोच्चार, विशेष पूजन और मंगल प्रार्थनाएं संपन्न की जाएंगी। साधकों के नाम से संकल्प लेकर उनके जीवन में प्रेम, सौहार्द, वैवाहिक सुख और पारिवारिक समृद्धि की प्रार्थना की जाएगी।
मान्यता है कि शिव-पार्वती विवाह पूजा से अविवाहित व्यक्तियों को योग्य जीवनसाथी प्राप्ति के मार्ग में आने वाली बाधाओं से मुक्ति मिलती है तथा विवाहित दंपत्तियों के संबंधों में प्रेम, विश्वास और मधुरता बढ़ती है। यह पूजा परिवार में सुख-शांति और समृद्धि के साथ-साथ आध्यात्मिक उन्नति का भी मार्ग प्रशस्त करने वाली मानी जाती है। यदि आप अपने वैवाहिक जीवन में सुख, प्रेम और स्थिरता अथवा शीघ्र विवाह की कामना रखते हैं, तो महाकुंभ के इस पावन अवसर पर कैलाश मानसरोवर में होने वाली यह शिव-पार्वती विवाह पूजा आपके लिए अत्यंत शुभ और फलदायी मानी जाती है।
कैलाश मानसरोवर को सनातन धर्म में भगवान शिव और माता पार्वती का दिव्य निवास माना गया है। हिमालय की गोद में स्थित यह पवित्र धाम अनादि काल से तप, साधना और आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र रहा है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कैलाश पर्वत पर भगवान शिव और माता पार्वती सदैव विराजमान रहते हैं तथा यहीं से संपूर्ण सृष्टि का संचालन और संतुलन बना रहता है। इसी कारण यह स्थल शिव और शक्ति के दिव्य मिलन का सर्वोच्च प्रतीक माना जाता है।
22,028 फीट की ऊंचाई पर स्थित कैलाश पर्वत और उसके समीप स्थित पवित्र मानसरोवर झील करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र हैं। मान्यता है कि मानसरोवर झील में देवता स्नान करते हैं और इसकी दिव्य ऊर्जा साधक के मन, आत्मा और कर्मों को पवित्र करने की क्षमता रखती है। यह स्थान केवल तीर्थयात्रा का केंद्र नहीं, बल्कि आत्मिक जागरण और ईश्वर से जुड़ने का अद्भुत माध्यम माना जाता है।
महाकुंभ जैसे दुर्लभ अवसरों पर कैलाश मानसरोवर का आध्यात्मिक महत्व और भी बढ़ जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस समय यहां की गई पूजा और प्रार्थना विशेष फल प्रदान करती है। भगवान शिव और माता पार्वती के आशीर्वाद की कामना लेकर देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु यहां आध्यात्मिक शांति, सौभाग्य और जीवन में सकारात्मक परिवर्तन की प्रार्थना करते हैं।
Via Veda एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो आपको धार्मिक सेवाओं का लाभ उठाने का अवसर देता है। इसके माध्यम से आप गौसेवा, अन्नदान, और मंदिरों के पुनर्निर्माण में योगदान दे सकते हैं। साथ ही, आप अनुभवी ज्योतिषियों से परामर्श कर कुंडली, अंक ज्योतिष और वास्तु जैसी सेवाओं का लाभ उठा सकते हैं।
पूजा के दिन मानसिक और शारीरिक शुद्धता का ध्यान रखें, ब्रह्मचर्य का पालन करें और इष्टदेव का स्मरण करें। पूजा की प्रक्रिया के बारे में आपको पहले से सूचित किया जाएगा, और पूजा के बाद इसका रिकॉर्डेड वीडियो आपको भेजा जाएगा।
यदि आपको पूजा से संबंधित अधिक जानकारी चाहिए, तो आप Via Veda के कस्टमर सपोर्ट नंबर +91 98109 86076 पर संपर्क कर सकते हैं। हमारी टीम आपकी हर संभव सहायता के लिए तत्पर है।
Via Veda एक भरोसेमंद मंच है जो आपको घर बैठे पूजा करने का अवसर प्रदान करता है। आपकी पूजा बुकिंग के बाद, योग्य पुजारियों द्वारा शुभ मुहूर्त में अनुष्ठान संपन्न किया जाता है। इसके बाद, आपके दिए गए पते पर प्रसाद और पुजारी जी द्वारा आपके नाम और गोत्र से की गई पूजा का वीडियो आपके रजिस्टर्ड व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।
पूजा बुक होने के बाद, हमारी टीम 24 घंटों के अंदर आपसे संपर्क करेगी और आपका नाम, गोत्र आदि की जानकारी लेगी। आप टीम से पूजा से जुड़ी अन्य जानकारियाँ भी प्राप्त कर सकते हैं।
ऑफलाइन और ऑनलाइन पूजा की प्रक्रिया में ज्यादा अंतर नहीं है। दोनों में ही पुजारी आपके नाम और गोत्र से अनुष्ठान करते हैं। अंतर यह है कि ऑफलाइन पूजा में आपको स्वयं मंदिर जाना पड़ता है, जबकि ऑनलाइन पूजा में आप घर बैठे यह सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। पूजा का रिकॉर्डेड वीडि यो आपको बाद में भेज दिया जाएगा।
हाँ, Via Veda द्वारा करवाई गई पूजा के बाद आपको उसका रिकॉर्डेड वीडियो आपके दिए गए व्हाट्सएप नंबर पर भेजा जाएगा।





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